emblem

रक्षा लेखा प्रधान नियंत्रक (सी. स.)

broemb

Principal Controller Defence Accounts (Border Roads)

रक्षा मंत्रालय, भारत सरकार

Ministry of Defence, Govt of India

नया क्या है
    सूचना उपलब्ध नहीं है
खोजें
वेब पर साईट पर
प्रशासन

प्रशासन अनुभाग की भूमिकाः-

         संगठन के कार्मिक प्रबंधन के विभिन्न पहलुओं पर ध्यान देना।

         रक्षा लेखा विभाग के कार्यालय/रिहायशी आवास के निर्माण, रख-रखाव एवं आबंटन की देखरेख करना।

         संगठन के कार्मिक प्रबंध की पुष्टीकरण, पदोन्नति एवं सेवानिर्वति संबंधित पहलुओं पर ध्यान देना।

         विभागीय परीक्षाओं का संचालन।

         गृह प्रशिक्षण पाठयक्रमों का संचालन।

         संगठन के कार्यालयी फुटकर दावों के भुगतान का सरलीकरण।

         अधिकारियों व कर्मचारियों के लिए कार्य-अनुकूल एवं सवास्थ वातावरण उपलब्ध कराना।

प्रशासन अनुभाग का कार्यः-

1.      मुख्य कार्यालय सहित 59 अधीनस्थ कार्यालयों का सामान्य प्रशासन।

2.      कार्यालय एबं इसके सभी उप-कार्यालयों का संस्थापन।

3.      कर्मचारी चयन आयोग के माध्यम से वर्ग ग एवं वर्ग घ के कर्मचारियों की भर्ती, अनुकम्पा के आधार पर नियुक्ति आदि।

4.      तैनाती एवं स्थानातरण

         अन्तः कमान अर्द्ध वार्षिकी।

         चिकित्सा आधारों पर अनुकम्पा।

         अन्तः कमान स्टेशन वरियता।

         प्रशासनिक कारणों से स.ले.अधि. तक की

5.      पदोन्नति-अधिसूचना

6.      सेवा दस्तावेजों का रखरखाव।

7.      अस्थायी ड्यूटी प्रस्ताव।

8.      प्रतिनियुक्ति, त्यागपत्र, सतर्कता।

9.      आचरण एवं अनुशासन। सूचना का अधिकार अधिनियम 2005

10.  अचल एवं चल सम्पत्ति की अनुमति/रिटर्न।

11.  वार्षिक गोपनीय रिपोर्टें।

12.  अन्यत्र रोजगार के लिए आवेदन।

13.  उच्च अध्ययन/पासपोर्ट/विदेश भ्रमण हेतु अनापत्ति प्रमाणपत्र।

14.  आर.ओ.सी. बैठकों का संचालन, संघ से संबंधित गतिविधियों पर कार्रवाई।

15.  अधिकारियों व कर्मचारियों की शिकायतों पर कार्रवाई।

16.  कार्यालय में प्राप्त गुप्त, गोपनीय, अ.शा.पत्रों तथा अन्य पत्रादि का डायरी किया जाना तथा वितरण।

17.  आवधिक रिपोर्टें व रिटर्न।

18.  छुट्टी।

19.  गोपनीय रिपोर्टें।

20.  कार्यालय की सुरक्षा तथा कार्यालय के फर्निचर्स, कंम्प्यूटरों व अन्य मशिनों आदि की देखभाल।

21.  कार्यालय के आकस्मिक तथा विविध व्यय।

22.  नकदी का संरक्षण, वितरण व लेखांकन।

23.  नकद बहि तथा अन्य सम्बद्ध रजिस्टरों का अनुरक्षण।

24.  गृह निर्माण अग्रिम, वाहन अग्रिम, पंखा अग्रिम, कम्प्यूटर अग्रिम आदि से संबंधित कार्य।

25.  भारतीय रक्षा लेखा सेवा के अधिकारियों को वित्तिय शक्तियों का प्रत्यायोजन।

26.  के.स.स्वा.यो. के कार्ड जारी करना तथा के.स.स्वा.यो. से संबंधित अन्य कार्य।

27.  अस्थायी डयूटी से संबंधित भागृ-2 कार्यालय आदेश का प्रकाशन।

28.  डी.ए.एस.सी.बी. से संबंधित सभी कार्य।

29.  रक्षा लेखा विभाग की परियोजनाओं के निर्माण एवं भूमि हस्तांतरण के प्रस्तावों पर कार्यवाही।

30.  ऐ.सी.पी. योजना के अधीन वित्तिय उन्नयन हेतु न्याय-निर्णयन रिपोर्टों का तैयार किया जाना, समूह बी स्तर तक की पुष्टि एवं पदोन्नति।

31.  संगठन के क्रमशः र.ले.वि. अधिकारियों व कर्मचारियों को विशेष वेतन व विशेष भत्ते प्रदान करना तथा पेंशन और पारिवारिक वेंशन प्रदान किए जाने के लिए पेंशन दस्तावेजों पर कार्यवाही।

32.  पर्यवेक्षक(लेखा) श्रेणी परीक्षा, अधीनस्थ लेखा सेवा प्रारंभिक परीक्षा, अधिनस्थ लेखा सेवा भाग-1, अधीनस्थ लेखा सेवा भाग-2, शैक्षणिक अर्हता प्राप्त समूह घ के कर्मचारियों की लिखित परीक्षा तथा अभिलेख लिपिकों के लिए टंकण परीक्षा संबंधित विभागीय परीक्षाओं का संचालन एवं रक्षा लेखा विभाग के साथ पूर्व सिविल/सैन्य सेवा की गणना।

33.  कार्यालयी फुटकर बिलों की लेखा परीक्षा एवं भुगतान।

 

निरन्तर पूछे जाने बाले प्रश्नः-

मैं अधीनस्थ लेखा सेवा परीक्षा भाग-1 परीक्षा  के लिए कब पात्र बनूगाs

लिपिक या लेखा परीक्षा श्रेणी में दो वर्ष की नियमित सेवा पूरी करने के पश्चात।

रक्षा लेखा विभाग के साथ पिछली सिविल सेवा की गणना के लिए क्या प्रक्रिया हैs

पिछली सिविल सेवा की गणना के लिए व्यक्ति को निम्नलिखित शर्ते पूरी करनी होंगीः-

         पिछली सेवा केन्द्रीय. सिविल सेवा(पेंशन) नियम, 1972 के अधीन होनी चाहिए।

         पिछले विभाग से त्यागपत्र को तकनीकी त्यागपत्र के रूप में स्वीकृत किया गया हो।

पिछले विभाग से उस विभाग में अर्पित की गयी सेवा के लिए उस विभाग के द्वारा कोई भी सेवांत लाभ नहीं दिया गया है, इस संबंध में प्रमाणपत्र लिया गया हो।

क्या किसी अचल सम्पति के निपटान के लिए पूर्व स्वीकृति अपेक्षित हैs

जब कोई सरकारी कर्मचारी जी.पी.ए. के माध्यम से, सीधे पट्टे पर, मोर्टगेज, क्रय, विक्रय, उपहार या अन्य प्रकार से अपने नाम पर या अपने परिवार के किसी सदस्य के नाम से किसी भी अचल सम्पत्ति का लेन-देन करता है तब उसे केन्द्रीय सिविल सेवा (आचरण) नियमावली-1964 के नियम 18(2)(बी) के अधीन संबंधित लेन-देन पूर्व में ही सक्षम प्राधिकारी को सूचित कर देना चाहिए।

अन्य गतिविधियां जिनमें पूर्व स्वीकृति अपेक्षित हैs

निम्न के लिए सक्षम प्राधिकारी की पूर्व अनुमति/स्वीकृति आवश्यक हैः-

1.      शैक्षणिक संस्थान में प्रवेश के लिए या विश्वविद्यालय उपाधि के लिए पढाई।

2.      सिविल रक्षा सेवा में तैनाती हेतु।

3.      सेंट जांन एम्बूलेंस ब्रिगेड में नामांकन के लिए।

4.      प्रादेशिक सेना, होम गार्ड संगठन तथा भारत-विदेश सांस्कृतिक संगठन द्वारा संचालित विदेशी भाषा में प्रवेश के लिए।

5.      किसी भी समाचारपत्र या आवधिक प्रकाशन या इलैक्ट्रानिक संचार माध्यम के प्रबंधन या संपादन में भाग लेने या पूर्णरूप या आंशिक रूप से संचालन हेतु।

6.      किसी व्यक्ति, समिति या सरकार के अतिरिक्त अन्य प्राधिकारी, अदालती प्राधिकार द्वारा संचालित जांच के संबंध में साक्ष्य देना।

7.      चंदे के लिए कहना या स्वीकार करना या निधि उगाही/नकदी संग्रहण आदि में संगठित होना।

8.      पास के रिश्तेदारों या व्यक्तिगत मित्रों से उपहार स्वीकार करना, जबकि उनका मूल्य निर्धारित सीमा से अधिक हो।

9.      विदेशी एजेंसियों, भारत विदेश संस्कृति संगठनों द्वारा चलाये जा रहे पुस्कालयों की सदस्यता ग्रहण करना।

10.  मानार्थ प्राप्ति या स्वस्तिवाचनिक संबोधन या कोई प्रशंसापत्र प्राप्त करना या बैठक में भाग लेना या अपने सम्मान में आयोजित मनोरंजन या कोई अन्य सरकारी कर्मचारी सेवानिर्वति, स्थानांतरण जैसे अवसरों पर आयोजित अनौपचारिक विदाई।

11.  किसी व्यापार/व्यवसाय में प्रत्यक्ष/अप्रत्यक्ष रूप से लगना या चुनाव कार्यालय खोलना या चुनावी कार्यालय के लिए उम्मीदवार की पक्ष प्रचार करना।

12.  किसी निजी/गैर सरकारी निकाय/व्यक्ति के लिए किए गए कार्य के लिए शुल्क स्वीकार करना।

13.  किसी शैक्षणिक संस्थान में अंशकालिक लेक्चररशिप करना जिसमें नियमित रूप से पारितोषिक मिलता हो।

14.  बार एसोसियशन के साथ अपने-आप को अधिवक्ता के रुप में संबंद्ध करना।

15.  सहकारिता संघो में नियमित सेवाएं अर्पित करने के लिए पारिश्रमिक लेना।

16.  फालतू समय में पूर्णतया धर्मार्थ हेतु मेडिकल प्रैक्टिस करना यदि किसी आयुर्विज्ञान प्रणाली में प्रैक्टिशनर के रूप में पंजिकृत हों।

17.  सेवा में रहते हुए प्राइवेट फर्मों से वाणिज्यिक रोजगार निश्चित करने के लिए वार्ता करना।

18.  किसी सरकारी अधिनियम के पक्ष में किसी अदालत या समाचारपत्र का सहारा लेना जोकि प्रतिकूल समालोचना की विषयवस्तु हो या अपवादक प्रकृति का आक्रमण हो।

19.  विदेशी राजनयिकों तथा विदेश में विदेशियों के साथ रहना।

20.  उन पेंशनरों के मामले में जो सेवानिवृत्ति से तत्काल पूर्व समूह ए के अधिकारी हो तथा जिन्होने सेवानिवृत्ति की तारीख से दो वर्ष पूरे होने से पहले ही वाणिज्यक रोजगार ग्रहण कर लिया हो।

 

क्या उपयोग न की गयी कार्यभार ग्रहण अवधि अर्जित अवकाश खाते में जमा की जाएगी s

   यदि किसी कर्मचारी को स्वीकार्य कार्यभार ग्रहण अवधि उपयोग किए बिना तैनाती के नये स्थान पर नया पदभार ग्रहण करने के लिए आदेश दिए जाते हैं या यदि वह पूर्ण कार्यभार अवधि ग्रहण किए बिना अकेला तैनाती के नये स्थान को चला जाता है तथा बाद स्वीकार्य अवधि के दौरान अपने परिवार को ले जाता है तब उपयोग न की गयी कार्यभार ग्रहण अवधि उसके अर्जित अवकाश में जमा कर दी जाएगी।

के.सि.से.(जे.टी.) नियमावली की नियम 6(1) तथा जी.आई.ओ.(एस)

क्या पासपोर्ट के लिए आवेदन करते समय विभाग से अनुमति तथा अनापत्ति प्रमाण पत्र लेना अपेक्षित हैs

जव कोई सरकारी कर्मचारी पासपोर्ट के लिए आवेदन करता है तब उसके द्वारा सक्षम प्राधिकारी से पूर्ब अनुमति ले ली जाए। पूर्व अनुमति लेते समय उसे भ्रमण किए जाने वाले देश का नाम, भ्रमण का उद्देश्य तथा भ्रमण की अवधि व समय विनिर्दिष्ट करना चाहिए।

 

 

क्या रोजगार के लिए बाहर आवेदन करते समय अनुमति अपेक्षित हैs

जब कोई सरकारी कर्मचारी अपने या अन्य विभाग में किसी पद के लिए आवेदन करता है तब उसे सक्षम प्राधिकारी से पूर्व स्वीकृति लेनी अपेक्षित है।

क्या अन्तः कमान स्थानांतरण के लिए किसी निर्धारित प्रक्रिया का अनुसरण किया जाता हैs

रक्षा लेखा महानियंत्रक कार्यालय द्वारा यह निर्णय लिया गया है कि वर्ष में दो बार अर्थात अप्रैल तथा अक्टूबर के दौरान कमान से बाहर स्थानांतरण का अनुरोध करने वाले वालिंटर्यस के नाम मांगे जांए।

नये पुरूष भर्ती कार्मिकों के संबंध में उनहें अपने तैनाती के आरंभिक स्टेशन पर कम से कम 5 वर्ष की सेवा अवधि पूरी करनी अनिवार्य है। महिला भर्ती कार्मिक अपने वर्तमान स्टेशन पर तीन वर्ष का सेवाकाल पूरा करने के उपरांत अपने पसंदीदा स्टेशन पर स्थानांतरण के लिए पात्र होंगी।

अन्तः कमान स्थानांतरण के संबंध में एक वर्ष की उपशमन अवधि पूरी करनी अपेक्षित है।

दर्शक सं: 1802 Visitors1802 Visitors1802 Visitors1802 Visitors1802 Visitors
 
प्रकाशनाधिकृत- 2009 रक्षा लेखा प्रधान नियंत्रक, सीमा सड़क सर्वाधिकार सुरक्षित
घोषणा: इस बेवसाइट पर दी गई सूचना संगत सरकारी आदेशों, सेना निर्देशों एवं सेना आदेशों पर आधारित है | तथापि इस बेवसाइट की विषय वस्तु /तथ्यों को रक्षा लेखा प्रधान नियंत्रक (सी.स.) नई दिल्ली के कार्यालय और अन्य किसी संगठन के साथ पत्र व्यवहार के लिए प्राधिकार के रूप में उद्धृत नहीं किया जा सकता है | इस बेवसाइट का सरî